शुक्रवार, 15 जून 2012

राष्ट्रपति का सम्मान...सामान

खबर है की राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल अपना कार्यकाल ख़त्म होने के बाद महाराष्ट्र में रहेंगी और उनका राष्ट्रपति भवन में रखा सामान 20 ट्रकों  में भरकर महाराष्ट्र में तीन जगह सुरक्षित पहुँचाया जाएगा. इसके लिखे एक ऑफिसर भी नियुक्त किया जा चुका है. जाहिर सी बात है पांच बरस पहले जब वो राष्ट्रपति भवन में रहने गयी होंगी तब इतने ट्रक भरकर सामान ले के नहीं गयी होंगी. तो आखिर इतना सामान उन्होंने पांच बरस राष्ट्रपति रहकर जुटाया है!! सामान जुटाया सम्मान नहीं. गौरतलब है की जब कलाम साहब राष्ट्रपति थे तो उनकी सादगी के चर्चे दुनिया भर में थे और उन्होंने राष्ट्रपति भवन में  रहकर शायद ही सभी सुविधाओं का उपयोग किया होमुग़ल गार्डेन में एक  आयुर्वेदिक गार्डेन भी लगाया थाइसके विपरीत भारत की पहली महिला राष्ट्रपति अपने पूरे कार्यकाल में हमेशा ही गलत ख़बरों के कारण चर्चा में रहीं. कभी अपनी संपत्ति के कारण, कभी अपने बेटे के कारण, कभी गैरजरुरी विदेश यात्राओं के कारण और अंत में अपने आवास के लिए पूना में ज़मीन के आवंटन के कारण. तो ऐसे में सवाल ये है की देश का प्रथम नागरिक जब इस तरह से रहेगा तो देश का क्या होगा और इस गरीब देश की जनता को क्या सन्देश जाएगा. सभी राजनैतिक पार्टियों को इस बारे में सोचना जरुरी है कि राष्ट्रपति भवन में  किस तरह का व्यक्ति पदस्थ होना चाहिए.

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें